प्रदेश के आयुष मंत्री मदन कौशिक ने विधानसभा स्थित सभागार कक्ष में विभागीय अधिकारियों के साथ समीक्षा बैठक कर आयुष विभाग की विभिन्न योजनाओं और संस्थानों की प्रगति की समीक्षा की। बैठक में हर्रावाला स्थित आयुर्वेदिक विश्वविद्यालय से संबंधित पूर्व में लिए गए निर्णयों के अनुपालन और उनके क्रियान्वयन की स्थिति पर विस्तृत चर्चा की गई।
बैठक के दौरान आयुष मंत्री ने आयुष मंत्रालय के साथ प्रस्तावित बैठक को लेकर विभागीय तैयारियों और कार्ययोजनाओं की भी समीक्षा की। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि आगामी बैठकों में राज्य के हितों से जुड़े सभी प्रस्तावों और योजनाओं को प्रभावी ढंग से प्रस्तुत किया जाए।
मंत्री मदन कौशिक ने ऋषिकुल आयुर्वेदिक कॉलेज और गुरुकुल आयुर्वेदिक कॉलेज में मरीजों को दवाओं के वितरण की व्यवस्था को सुचारू बनाए रखने के लिए तत्काल आवश्यक कदम उठाने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि आयुष संस्थानों में उपचार के लिए आने वाले मरीजों को किसी प्रकार की असुविधा नहीं होनी चाहिए।
समीक्षा बैठक में मंत्री ने स्पष्ट कहा कि आयुष विश्वविद्यालयों और शिक्षण संस्थानों में किसी भी प्रकार की अव्यवस्था बर्दाश्त नहीं की जाएगी। उन्होंने अधिकारियों को बेहतर कार्यप्रणाली अपनाते हुए शैक्षणिक और प्रशासनिक व्यवस्थाओं को मजबूत बनाने के निर्देश दिए।
इसके साथ ही उन्होंने विश्वविद्यालयों में लंबे समय से रिक्त पड़े टेक्नीशियन, लाइब्रेरियन तथा अन्य आवश्यक पदों को शीघ्र भरने की प्रक्रिया तेज करने को कहा। मंत्री ने संबंधित अधिकारियों को इन पदों के लिए जल्द अधियाचन भेजने और भर्ती प्रक्रिया को आगे बढ़ाने के निर्देश दिए।
मदन कौशिक ने कहा कि राज्य सरकार आयुष शिक्षा और स्वास्थ्य सेवाओं को मजबूत बनाने के लिए प्रतिबद्ध है तथा संस्थानों में संसाधनों और मानवबल की कमी को दूर करने के लिए आवश्यक कदम उठाए जा रहे हैं। उन्होंने अधिकारियों से सभी कार्यों को समयबद्ध ढंग से पूरा करने और नियमित मॉनिटरिंग सुनिश्चित करने को कहा।

