देहरादून। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने सचिवालय में ‘मुख्यमंत्री सशक्त बहना उत्सव योजना’ के तहत स्वयं सहायता समूहों की महिलाओं द्वारा लगाए गए स्टॉलों का शुभारंभ और अवलोकन किया। इस दौरान मुख्यमंत्री ने महिलाओं द्वारा तैयार राखियों और स्थानीय उत्पादों की जानकारी ली और विभिन्न जिलों से वर्चुअल माध्यम से जुड़ी महिलाओं से संवाद किया।
मुख्यमंत्री ने घोषणा की कि अगले वर्ष से रक्षाबंधन से 15 दिन पहले ही ‘मुख्यमंत्री सशक्त बहना उत्सव’ शुरू किया जाएगा और इसे पखवाड़े के रूप में आयोजित किया जाएगा। इससे महिलाओं को अपने उत्पादों की बिक्री के लिए अधिक समय और बेहतर बाजार उपलब्ध हो सकेगा।
मुख्यमंत्री ने कहा कि वर्ष 2023 में शुरू की गई इस योजना का उद्देश्य स्वयं सहायता समूहों के उत्पादों को गांव और घरों तक सीमित न रखकर उन्हें व्यापक बाजार और उचित मूल्य दिलाना है। उन्होंने बताया कि प्रदेश में 70 हजार से अधिक स्वयं सहायता समूहों से 5 लाख 20 हजार से अधिक ग्रामीण परिवार जुड़े हैं।
उन्होंने कहा कि महिला समूहों के उत्पादों की मार्केटिंग के लिए प्रदेश में 49 ग्रोथ सेंटर, 17 सरस सेंटर, 33 नैनो पैकेजिंग यूनिट और 8 बेकरी यूनिट स्थापित की गई हैं, जबकि यात्रा मार्गों पर 110 बिक्री केंद्र संचालित हो रहे हैं।
मुख्यमंत्री ने कहा कि ‘हाउस ऑफ हिमालयाज’ ब्रांड के माध्यम से उत्तराखंड के स्थानीय उत्पादों को लोकल से ग्लोबल पहचान दिलाने का प्रयास किया जा रहा है। साथ ही उत्पादों को ई-कॉमर्स और डिजिटल प्लेटफॉर्म से जोड़कर महिलाओं की आय बढ़ाने पर भी जोर दिया जा रहा है।
इस अवसर पर मुख्यमंत्री ने प्रदेशवासियों को रक्षाबंधन की शुभकामनाएं देते हुए सचिवालय के अधिकारियों और कर्मचारियों से महिला स्वयं सहायता समूहों के स्टॉलों से खरीदारी कर उन्हें प्रोत्साहित करने की अपील की।

